भारतीय तांत्रिक परम्परा भूत-प्रेत-पिशाच-वेताल-डाकिनी-शाकिनी-ग्रह-ऊर्जा आदि सभी प्रकार की अदृश्य शक्तियों का वैज्ञानिक वर्गीकरण प्रस्तुत करती है। तंत्र-शास्त्र में इन्हें ऊर्जा-तत्त्व, सूक्ष्म-वायवीय...
मुण्डक उपनिषद् (१/१/१-५) के अनुसार देवताओं में प्रथम ब्रह्मा ने अपने ज्येष्ठ पुत्र अथर्वा को सभी विद्याओं का आधार ब्रह्मविद्या...
कालक्रम का अवलम्ब लेकर परिणाम अपना कार्य सम्पादित करता है। इस क्रम के द्वारा पूर्वापर का ज्ञान घटित होता है।...
किसी भी भवन का ब्रह्मस्थान खुला , खाली, हवादार एवं रौशनी युक्त होना चाहिए । ब्रह्मस्थान पर किसी भी तरह का...
‘वंदे मातरम्’ को 150 वर्ष पूर्ण होने पर विशेष प्रदर्शनी : ‘वंदे मातरम्’ गीत के 150 वर्ष पूर्ण होने के...
देशविरोधी विदेशी शक्तियाँ, डिप-स्टेट, नक्सलवाद, अलगाववादी, घुसपैठ, नैरेटिव युद्ध, लव जिहाद, हलाल जिहाद जैसे विभिन्न माध्यमों से भारत को कमजोर...
यह शोधप्रबंध क्वांटम टनलिंग और ज्योतिष के बीच संबंध का विश्लेषण करता है और दर्शाता है कि कैसे वैदिक शास्त्रों...
ॐ की शास्त्रीय व्याख्या में इतने अर्थ नहीं हैं, किन्तु हनुमत् चरित्र सभी प्रकार के अर्थ वाक् का समन्वय है।...
स्कन्दपुराण के वैष्णव खण्ड में आया है कि भूमि प्राप्त करने के इच्छुक मनुष्य को सदा ही इस मन्त्र का...
इस प्रकार की सोत्कण्ठ भक्त की प्रार्थना से भगवान् द्रुत होकर भक्त से मिलने को दौड़ पड़ते हैं।हाँ, यह ठीक...